झारखंड पुलिस के 14 अधिकारी-कर्मियों को मिला केंद्रीय गृह मंत्री दक्षता पदक।
नक्सल उन्मूलन अभियान में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर सम्मान
रांची:झारखंड में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत लगातार मिल रही महत्वपूर्ण सफलता के लिए राज्य पुलिस के 14 पदाधिकारियों एवं कर्मियों को केंद्र सरकार द्वारा विशेष अभियान हेतु केंद्रीय गृह मंत्री दक्षता पदक से सम्मानित किया गया है।नक्सल प्रभावित क्षेत्रों—विशेषकर पारसनाथ (गिरिडीह) और लुगु-झुमरा (बोकारो)—में सुरक्षा बलों ने विगत दो दशकों से सक्रिय भाकपा (माओवादी) संगठन पर निर्णायक प्रहार किए हैं। जनवरी से अप्रैल 2025 तक संयुक्त अभियान के दौरान 10 माओवादी कमांडरों का खात्मा किया गया तथा भारी मात्रा में हथियार और गोलियां बरामद की गईं।
अभियान के प्रमुख पड़ाव:
- 22 जनवरी 2025 – पेक नारायणपुर थाना क्षेत्र में मुठभेड़, 2 कुख्यात माओवादी ढेर, 2 इंसास राइफल व 1 AK-47 बरामद तथा 15 लाख का इनामी रणविजय महतो गिरफ्तार।
- 21 अप्रैल 2025 – ऑपरेशन ‘डाकाबेड़ा’, लुगु पहाड़ में बड़ी सफलता। 1 करोड़ का इनामी CCM विवेक उर्फ प्रयाग मांझी अपने 8 दस्ता सदस्यों समेत ढेर। पहली बार इतने ऊँचे स्तर के माओवादी कमांडर के मारे जाने की बड़ी उपलब्धि दर्ज हुई। सुरक्षा बलों ने बिना किसी नुकसान के नक्सलियों के गढ़ को खाली कराया।
सम्मानित अधिकारी/कर्मी
1. अमोल विनुकांत होमकर, आईजी रेल (तत्कालीन आईजी अभियान)
2. डॉ. माइकलराज एस., आईजी अभियान (तत्कालीन आईजी बोकारो)
3. इंद्रजीत माहथा, डीआईजी झारखंड जगुआर
4. सुरेंद्र कुमार झा, डीआईजी कार्मिक (तत्कालीन डीआईजी बोकारो)
5. मनोज स्वर्गियारी, समादेष्टा, झा.स.पु.-3 (तत्कालीन एसपी बोकारो)
6. मिथिलेश कुमार, उप-समादेष्टा, अभियान
7. पु.अ.नि. जितेंद्र कुमार
8. पु.अ.नि. मंटू कुमार
9. आ. दीनबन्धु शेखर
10. आ. पारस कुमार वर्मा
11. आ. विकास कर्मकार
12. आ. भागीरथ रजवार
13. आ. शिवनन्दन हांसदा
14. आ. अजय मेहता
राज्य के डीजीपी के नेतृत्व में नक्सल उन्मूलन अभियान को और तेज किया गया है, जिसका सकारात्मक असर नक्सल प्रभावित इलाकों में स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।



