राज्यसभा सीट पर महागठबंधन में बढ़ी हलचल! कांग्रेस की राह में CPI(ML) की नई चुनौती
राष्ट्रीय समाचार डेस्क
रांची: झारखंड में राज्यसभा चुनाव की घोषणा से पहले महागठबंधन के भीतर दूसरी राज्यसभा सीट को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। अब तक यह माना जा रहा था कि गठबंधन की एक सीट झामुमो और दूसरी कांग्रेस के खाते में जाएगी, लेकिन भाकपा-माले (CPI-ML) ने अपनी दावेदारी पेश कर सियासी समीकरणों को नया मोड़ दे दिया है।
विधानसभा में मजबूत संख्या बल होने के कारण महागठबंधन दोनों सीटों पर जीत की स्थिति में है। ऐसे में उम्मीदवारों के चयन को लेकर सहयोगी दलों के बीच मंथन शुरू हो गया है। झामुमो जहां पहली सीट पर अपना दावा मजबूत मान रहा है, वहीं दूसरी सीट को लेकर कांग्रेस को अब सहयोगी दलों की चुनौती का सामना करना पड़ सकता है।
विनोद सिंह के नाम पर CPI(ML) का दावा
भाकपा-माले ने दूसरी राज्यसभा सीट के लिए अपने वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक विनोद सिंह का नाम आगे बढ़ाया है। पार्टी का कहना है कि राज्य में जनआंदोलनों और चुनावी संघर्षों में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है, इसलिए उसे राज्यसभा में प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।
पार्टी के प्रदेश सचिव मनोज भक्त ने कहा कि महागठबंधन को सभी सहयोगी दलों की राजनीतिक भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि एक सीट पर झामुमो उम्मीदवार उतारे, जबकि दूसरी सीट सहयोगी दल के रूप में भाकपा-माले को दी जाए।
कांग्रेस नहीं छोड़ना चाहती दावा
दूसरी ओर, कांग्रेस दूसरी सीट पर अपना दावा छोड़ने के मूड में नहीं दिख रही है। वहीं झामुमो भी अंतिम निर्णय से पहले गठबंधन के सभी सहयोगी दलों के साथ चर्चा की रणनीति पर काम कर रहा है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि राज्यसभा चुनाव की अधिसूचना जारी होने से पहले महागठबंधन नेतृत्व को सीटों के बंटवारे पर अंतिम फैसला लेना होगा। ऐसे में आने वाले दिनों में दूसरी राज्यसभा सीट को लेकर राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।
Author: Rashtriy Samachar
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