Search
Close this search box.
Search
Close this search box.

सिस्टम की मिलीभगत से फिर तेज हुआ कोयले का काला कारोबार, यूपी-बिहार तक पहुंच रही सप्लाई

Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram

सिस्टम की मिलीभगत से फिर तेज हुआ कोयले का काला कारोबार, यूपी-बिहार तक पहुंच रही सप्लाई

राष्ट्रीय समाचार डेस्क 

हजारीबाग: जिले में एक बार फिर अवैध कोयला कारोबार तेजी पकड़ता नजर आ रहा है। बंद पड़ी खदानों और सीसीएल परियोजनाओं से बड़े पैमाने पर कोयले की चोरी, भंडारण और परिवहन का संगठित नेटवर्क सक्रिय हो चुका है।जंगल के रास्तों से कोयला गुप्त डिपो तक पहुंचाया जा रहा है, जहां से बड़े ट्रकों के जरिए बिहार, उत्तर प्रदेश समेत अन्य राज्यों में सप्लाई की जा रही है।

सूत्रों के मुताबिक मानसून आने से पहले अवैध कारोबारी अधिक से अधिक कोयला स्टॉक करने में जुटे हैं।बारिश शुरू होने के बाद खनन और ढुलाई में परेशानी बढ़ जाती है, इसलिए अगले डेढ़ महीने को कारोबारियों के लिए सबसे अहम माना जा रहा है।

जंगलों में बनाए गए गुप्त डिपो

जानकारी के अनुसार हजारीबाग के सीमावर्ती और जंगल क्षेत्रों में अस्थायी डिपो बनाए गए हैं, ताकि पुलिस, वन विभाग और सीसीएल सुरक्षा विभाग की नजरों से बचा जा सके।रात के अंधेरे में इन डिपो में कोयले का भंडारण किया जाता है।चुरचू, चरही और आंगो थाना क्षेत्रों में यह अवैध कारोबार तेजी से फैल रहा है। हैरानी की बात यह है कि इन क्षेत्रों में कोई सक्रिय खदान नहीं होने के बावजूद भारी मात्रा में कोयला डंप किया जा रहा है।

विभाग एक-दूसरे पर डाल रहे जिम्मेदारी

सीसीएल सुरक्षा विभाग का कहना है कि सीमित संसाधनों के कारण कोयला चोरी रोकना मुश्किल हो रहा है।वहीं स्थानीय पुलिस का दावा है कि क्षेत्र में लगातार गश्ती और छापेमारी की जा रही है।पुलिस अधिकारियों के अनुसार अवैध खनन और परिवहन में शामिल लोगों के खिलाफ खनन अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि बिना सिस्टम की मिलीभगत के इतने बड़े स्तर पर यह कारोबार संभव नहीं है।

जंगल रास्तों से हो रही सप्लाई

सीसीएल के केदला, बसंतपुर, चुटूवा नाला और पेरज क्षेत्रों से चोरी किया गया कोयला पहले बाइक, साइकिल, ट्रैक्टर और छोटे वाहनों के जरिए जंगल रास्तों से करगी इलाके तक पहुंचाया जाता है।इसके बाद चुरचू और आंगो के डिपो तक सप्लाई की जाती है।
रात के समय यह नेटवर्क सबसे ज्यादा सक्रिय रहता है।बाद में बड़े ट्रकों में लोड कर कोयला बिहार और यूपी की मंडियों तक भेजा जाता है।

बंद खदानों में जेसीबी से खनन

चरही और मांडू थाना सीमा से सटे बंद पड़े खदान क्षेत्रों में जेसीबी मशीन लगाकर अवैध खनन किया जा रहा है।फूलबगान, नोनिया बेड़ा और 44 नंबर खदान क्षेत्र में बोकारो नदी तक पाटकर कोयला निकाले जाने की बात सामने आ रही है।स्थानीय लोगों का कहना है कि इससे नदी और पर्यावरण को गंभीर नुकसान पहुंच रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।

फैक्ट्रियों तक पहुंच रहा अवैध कोयला

बताया जा रहा है कि अवैध कोयले की सप्लाई सिर्फ बाहरी राज्यों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि रामगढ़ जिले की कुछ फैक्ट्रियों तक भी यह कोयला पहुंच रहा है।कम कीमत होने के कारण इसकी मांग लगातार बनी हुई है।उधर बड़कागांव थाना क्षेत्र के सईदा, चपरी और जोराकाठ इलाके में भी बड़े पैमाने पर कोयले का स्टॉक किया जा रहा है।फिलहाल चरही साइडिंग से ढुलाई बंद है, लेकिन कारोबारी इस रूट को फिर से सक्रिय करने की कोशिश में लगे हैं।

Rashtriy Samachar

Author: Rashtriy Samachar

खबर वही जो सबको रखे आगे

Leave a Comment

Rashtriy Samachar हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

और खबरें

इटखोरी पुलिस ने 30.31 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ तस्कर को दबोचा

इटखोरी पुलिस ने 30.31 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ तस्कर को दबोचा चतरा: इटखोरी पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए

भीषण गर्मी और लू से तप रहा चतरा, 44 डिग्री पार तापमान ने बढ़ाई मुश्किलें

भीषण गर्मी और लू से तप रहा चतरा, 44 डिग्री पार तापमान ने बढ़ाई मुश्किलें चतरा, झारखंड: झारखंड इन दिनों भीषण गर्मी और जानलेवा लू

बकरीद को लेकर पुलिस अलर्ट, मस्जिदों में सुरक्षा बल तैना

बकरीद को लेकर पुलिस अलर्ट, मस्जिदों में सुरक्षा बल तैनात हजारीबाग: बकरीद पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने को लेकर पुलिस प्रशासन

सिस्टम की मिलीभगत से फिर तेज हुआ कोयले का काला कारोबार, यूपी-बिहार तक पहुंच रही सप्लाई

सिस्टम की मिलीभगत से फिर तेज हुआ कोयले का काला कारोबार, यूपी-बिहार तक पहुंच रही सप्लाई राष्ट्रीय समाचार डेस्क  हजारीबाग: जिले में एक बार फिर

Live Cricket

error: Content is protected !!